तारिख -ए- अज़ादारी पे फिर एक मुकम्मल किताब
तारिख -ए- अज़ादारी पे फिर एक मुकम्मल किताब की जरूरत है | मास्टर मोहम्मद नसीम
पानदरीबा निवासी मरहूम सय्यद मोहम्मद खैरुद्दीन मरहूम और मुजफ्फर साहब ने कई साल पहले एक किताब अज़ादारी जौनपुर पे लिखी थी जो आज बहुत काम लोगों तक रह गयी है | मास्टर मोहम्मद नसीम का ख्याल ही की एक और मुकम्मल किताब अज़ादारी जौनपुर पे लिखने की जरूरत है |



